डीएम बीएन सिंह ने कहा कि मौजूदा वित्त वर्ष में सर्किल रेट नहीं बढ़ाने का प्रस्ताव किया गया
July 25, 2019 • Akram Choudhary

 

रियल एस्टेट को संकट से उबारने की कोशिश, नहीं बढ़ेगा सर्किल रेट- कामर्शियल और ग्रुप हाउसिंग के सर्किल रेट में कमी का प्रस्ताव

नोएडा। नोएडा और ग्रेटर नोएडा में अपना आशियाना बनाने का सपना देखने वाले लोगो एक के बाद एक सौगात मिली है। पहले सुप्रीम कोर्ट के आम्रपाली फैसले ने लोगो खुशी दी अब जिला प्रशासन ने रियल एस्टेट को संकट से उबारने और संपत्ति के खरीददारों को राहत देने के लिए मौजूदा वित्त वर्ष में सर्किल रेट नहीं बढ़ाने का प्रस्ताव किया गया है। जबकि कामर्शियल और गु्प हाउसिंग संपत्तियों के सर्किल रेट में कमी करने का प्रस्ताव किया गया है। बुधवार को इसका प्रॉविजनल नोटिफिकेशन जारी कर दिया गया। 

 नोएडा के सैक्टर 27 स्थित कैंप कार्यालय में हुई प्रेस कान्फ्रेंस में डीएम बीएन सिंह ने कहा कि  मौजूदा वित्त वर्ष में सर्किल रेट नहीं बढ़ाने का प्रस्ताव किया गया है। इसका प्रॉविजनल नोटिफिकेशन जारी कर दिया गया है।इस प्रस्ताव पर जो भी व्यक्ति चाहे अपनी आपत्तियां एक सप्ताह के भीतर दर्ज करा सकता है। उसके बाद इसका फाइनल नोटिफिकेशन कर दिया जाएगा। नई दरें एक अगस्त से लागू हो जाएंगी। डीएम ने बताया कि हर साल जिले की रेसीडेंशियल, कामर्शियल, इंस्टीट्यूशनल और इंडस्ट्रीयल संपत्तियों के न्यूनतम दर का निर्धारण किया जाता है। इसके लिए एक कमेटी बनाई जाती है, जो बाजार का वास्तवित मूल्यांकन कर सर्किल दरों का निर्धारण करती है। उन्होंने बताया कि बीते एक वर्ष में संपत्तियों, खासकर बड़ी संपत्तियों की खरीद-फरोख्त थम सी गई है। सिर्फ छोटी संपत्तियों की खरीद बिक्री हो रही है। लेकिन, उसकी संख्या भी अपेक्षा से कम है। डीएम ने बताया कि देखा गया कि बाजार मूल्य से अधिक सर्किल रेट है। इसलिए इस पर गंभीरता से विचार किया गया और इस वर्ष सर्किल रेट न बढ़ाने का प्रस्ताव किया गया। 

 डीएम ने बताया कि एआईजी स्टांप ने कुछ संपत्तियों पर सर्किल रेट में कमी करने का प्रस्ताव किया है। इसके तहत नोएडा क्षेत्र में मल्टी स्टोरी बिल्डिंग में फ्लैट, अपार्टमेंट की बेसिक दर पर तीन सुविधाओं कम्युनिटी सेंटर/ब्लब, स्वीमिंग पूल और जिम आदि सुविधाओं पर पहले 15 फीसदी अतिरिक्त शुल्क लिया जाता था। बीते वर्ष इसे कम कर छह प्रतिशत किया गया था। लेकिन, मौजूदा वित्त वर्ष के लिए इन सुविधाओं के लिए देय 6 फीसदी अतिरिक्त शुल्क को समाप्त करने का प्रस्ताव किया गया है। उन्होने बताया कि सेंट्रली एयर कंडीशन और एस्केलेटर युक्त शॉपिंग मॉल में स्थित कामर्शियल, इकाई, दुकान, प्रतिष्ठान और कार्यालय का न्यूनतम बाजार मूल्य निर्धारित मूल्य से 25 प्रतिशत अधिक होता था, उसे भूतल के बेसिक मूल्य में जोड़कर फ्लोर वाइज़ छूट देना होता था। इस प्रावधान को अब समाप्त करने का प्रावधान किया गया है।

इसी तरह  वाणिज्यिक भूखंड के लिए नोएडा प्राधिकरण की दरों को ही प्रस्तावित मूल्यांकन दर सूची में शामिल किया गया है। इस प्रस्ताव में प्रचलित दर से औसतन 21.50 प्रतिशत दर कम की गई है। उन्होंने बताया कि एकल से भिन्न फ्लोर वाइज़ कामर्शियल संपत्तियों की दरों में भी औसतन 21 प्रतिशत की कमी करने का प्रस्ताव किया गया है। इसके अलावा नोएडा में स्थित राजस्व गांवों की फ्री होल्ड वाणिज्यिक भूमि (एकल संपत्ति) और एकल से भिन्न (फ्लोर वाइज़) संपत्तियों में औसतन 21 प्रतिशत की कमी का प्रस्ताव किया गया है। 

डीएम ने बताया कि ग्रेटर नोएडा, दादरी और जेवर के लिए प्रस्तावित दरों में भी कुछ मद में नोएडा की तरह की कमी करने का प्रस्ताव किया गया है। जबकि शेष संपत्तियों पर सर्किल रेट पूर्व की तरह ही होंगी। उसमें कोई परिवर्तन नहीं किया गया है। उन्होंने बताया कि नोएडा की तरह ग्रेटर नोएडा, सदर गौतमबुद्ध नगर और दादरी के क्षेत्राधिकार के तहत मल्टी स्टोरी बिल्डिंग में फ्लैट, अपार्टमेंट की बेसिक दर पर तीन सुविधाओं कम्युनिटी सेंटर/ब्लब, स्वीमिंग पूल और जिम पर फ्लैट के लिए निर्धारित बेसिक दर में 2 प्रतिशत सुविधा यानि तीनों सुविधाओं पर 6 प्रतिशत का अतिरिक्त मूल्यांकन करने का प्रावधान था। इसे अब समाप्त कर फ्लैट की प्रस्तावित सर्किल रेट में जोड़े जाने वाले अतिरिक्त 6 प्रतिशत की मूल्यांकन में कमी की गई।