हमारे लिए यह एक ऐतिहासिक दिन है डॉ. संदीप मारवाह
February 28, 2020 • Akram Choudhary

एशियन लॉ कॉलेज ने शुरू किया नेशनल मूट कोर्ट कॉम्पिटिशन    

इस धरती पर वहीँ व्यक्ति सफल है जिसके अंदर अब्राहम

एशियन लॉ कॉलेज ने शुरू किया नेशनल मूट कोर्ट कॉम्पिटिशन    

नोएडा(अमन इंडिया):इस धरती पर वहीँ व्यक्ति सफल है जिसके अंदर अब्राहम लिंकन जैसे दृढ़ संकल्प, न्यूटन जैसी विनम्रता, ग्रीक स्टेट्समैन और ओरेटर डेमोस्थनीज जैसी  दृढ़ता और आर्किमिडीज जैसी लीनता हो यह कहना था पूर्व चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया दीपक मिश्रा का जो एशियन लॉ कॉलेज नोएडा में नेशनल मूट कोर्ट  कॉम्पिटिशन के उद्घाटन के अवसर पर। उन्होंने "एएलसी जूडिशल कोचिंग एकडेमी" का उद्घाटन किया और उनके इस कार्य की सराहना की। 
इस अवसर पर  एशियन लॉ कॉलेज के अध्यक्ष डॉ. संदीप मारवाह ने कहा की हमारे लिए यह एक ऐतिहासिक दिन है, आज हमारे बीच अपने उल्लेखनीय और ऐतिहासिक निर्णयों के लिए जाने जानें वाले माननीय दीपक मिश्रा मौजूद है और उनकी उपस्थिति ने हमारे इस कॉम्पिटिशन के स्तर को बढ़ा दिया है जिससे एशियन लॉ कॉलेज को एक नया आयायाम मिलेगा।  
इस अवसर पर न्यायिक मजिस्ट्रेट और नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल की डिप्टी रजिस्ट्रार डॉ.सुखदा प्रीतम ने छात्रों को प्रेरित करते हुए कहा कि अपने और लोगों के अधिकारों के लिए खड़ा होना अपने पेशे के साथ ईमानदारी है, उनके शब्दों ने छात्रों को एक नया दृष्टिकोण दिया।  
इस अवसर पर देश भर के शीर्ष लॉ कॉलेजों और विश्वविद्यालयों की 24 टीमों और 72 प्रतिभागियोंने भाग लिया।

लिंकन जैसे दृढ़ संकल्प, न्यूटन जैसी विनम्रता, ग्रीक स्टेट्समैन और ओरेटर डेमोस्थनीज जैसी  दृढ़ता और आर्किमिडीज जैसी लीनता हो यह कहना था पूर्व चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया दीपक मिश्रा का जो एशियन लॉ कॉलेज नोएडा में नेशनल मूट कोर्ट  कॉम्पिटिशन के उद्घाटन के अवसर पर। उन्होंने "एएलसी जूडिशल कोचिंग एकडेमी" का उद्घाटन किया और उनके इस कार्य की सराहना की। 
इस अवसर पर  एशियन लॉ कॉलेज के अध्यक्ष डॉ. संदीप मारवाह ने कहा की हमारे लिए यह एक ऐतिहासिक दिन है, आज हमारे बीच अपने उल्लेखनीय और ऐतिहासिक निर्णयों के लिए जाने जानें वाले माननीय दीपक मिश्रा मौजूद है और उनकी उपस्थिति ने हमारे इस कॉम्पिटिशन के स्तर को बढ़ा दिया है जिससे एशियन लॉ कॉलेज को एक नया आयायाम मिलेगा।  
इस अवसर पर न्यायिक मजिस्ट्रेट और नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल की डिप्टी रजिस्ट्रार डॉ.सुखदा प्रीतम ने छात्रों को प्रेरित करते हुए कहा कि अपने और लोगों के अधिकारों के लिए खड़ा होना अपने पेशे के साथ ईमानदारी है, उनके शब्दों ने छात्रों को एक नया दृष्टिकोण दिया।  
इस अवसर पर देश भर के शीर्ष लॉ कॉलेजों और विश्वविद्यालयों की 24 टीमों और 72 प्रतिभागियोंने भाग लिया।