फोर्टिस अस्‍पताल में किडनी और लीवर की दुर्लभ किस्‍म की जटिलताओं से ग्रस्‍त 6 वर्षीय बच्‍ची को दिया जीवनदान
May 29, 2020 • Akram Choudhary

नई दिल्‍ली। फोर्टिस अस्‍पताल, शालीमार बाग के डॉक्‍टरों की एक टीम ने हाल में एक 6 वर्षीय बच्‍चे नया जीवनदान दिया। मरीज़ किडनी के एक दुर्लभ किस्‍म के जन्‍मजात विकार के अलावा मैलिगनेंट लीवर की बीमारी से ग्रस्त था। यह मरीज़ हीपेटोब्‍लास्‍टोमा से ग्रस्‍त थी जो कि समूचे दक्षिण एशियाई क्षेत्र में काफी दुर्लभ है। यह उपचार सफल रहा और बीमारी से बाहर आने के बाद बच्‍चा अब अपने बचपन का आनंद ले रहा है। फोर्टिस अस्‍पताल, शालीमार बाग में इस टीम का नेतृत्‍व डॉ प्रदीप जैन, डायरेक्‍टर, जीआई ओंकोसर्जरी ने किया। 

इस बच्‍चे को पेट में लगातार दर्द की शिकायत रहती थी जिसकी वजह से वह स्‍कूल और खेलने भी नहीं जा पाती थी/ पाता था। जांच करने पर डॉक्‍टरों ने पाया कि उसके लीवर के दायीं ओर एक बड़ी कैंसर ग्रोथ थी। इसके अलावा, उसकी दायीं किडनी में एक जन्‍मजात ब्‍लॉकेज भी थी जिससे किडनी में सूजन आ गयी थी और वह बेकार हो चुकी थी। जांच के बाद इलाज की पूरी योजना तैयार की गई। लीवर के दायीं ओर स्थित कैंसर की गांठ और दायीं किडनी को निकाल दिया गया। यह काफी सावधानी से किया गया जिससे मरीज़ का शेष लीवर सुरक्षित बचा रह सके। ऑपरेशन के बाद मरीज़ को कीमोथेरेपी की कोई जरूरत नहीं हुई और न ही कैंसर के दोबारा उभरने के कोई लक्षण दिखायी दिए हैं। 

इस चुनौतीपूर्ण सर्जरी के बारे में डॉ प्रदीप जैन ने बताया, ''जब हमने पहली बार इस बच्‍ची की जांच की थी तो उसकी स्थिति काफी खतरनाक थी। मरीज़ की उम्र को देखते हुए इस दुर्लभ स्थिति से सावधानीपूर्वक निपटा गया। हमारी इलाज की रणनीति काफी कारगर साबित हुई है और मरीज़ अब पूरी तरह से ठीक है। हमें खुशी है कि यह सर्जरी सफल रही जो कि इतनी कम उम्र के मरीज़ के लिए वाकई एक बड़ा ऑपरेशन था।'' 

डॉ जैन ने बताया, ''हमने अपने विकल्‍पों पर काफी सावधानीपूर्वक विचार किया और किडनी को निकालने का फैसला किया, इसके लिए नेफरक्‍टमी की गई और इसके बाद लीवर के मध्‍यवर्ती सैगमेंटों 5 एवं 8 (लीवर के कुल 8 सैगमेंट होते है) को भी हटाया गया, यह लीवर के समूचे दाएं हिस्‍से (सेगमेंट 5, 6, 7 एवं 8) को निकालने की तुलना में अधिक जटिल सर्जरी है। मरीज़ की उम्र को देखते हुए हमने महसूस किया कि यह उसके शरीर के लिए कम आघाती साबित होगी। सर्जरी करीब 5 घंटे चली और इस बच्‍चे ने इसे सहन किया तथा ऑपरेशन के बाद उसकी स्थिति में काफी सुधार हो रहा है।''  
 
श्री महिपाल भनोत, ज़ोनल डायरेक्‍टर, फोर्टिस अस्‍पताल शालीमार बाग ने कहा, ''यह बेहद जटिल किस्‍म की सर्जरी थी और हमें अपने सभी विकल्‍पों पर, साधनों पर तथा विशेषज्ञताओं पर सावधानीपूर्वक विचार कर, पिडियाट्रिक ओंकोलॉजी सर्जनों, इंटेंसिव यूनिटों के विशेषज्ञों तथा एनेस्‍थीटिस्‍टों के बीच भरपूर तालमेल रखकर एक बच्‍चे के बहुमूल्‍य जीवन को बचाना था। फोर्टिस अस्‍पताल, शालीमार बाग की मल्‍टीडिसीप्‍लीनरी विशेषताओं तथा मरीज़ देखभाल के स्‍वर्ण मानकों ने हमें इस मामले में अच्‍छे नतीजे दिलाने में मदद की है।''  

हीपेटोब्‍लास्‍टोमा अत्‍यधिक दुर्लभ किस्‍म का मैलिग्‍नेंट लीवर कैंसर है जो शिशुओं और बच्‍चों में पाया जाता है। विश्‍व स्‍वास्‍थ्‍य संगठन द्वारा कराए गए अध्‍ययन में यह सामने आया है कि बाल्‍यावस्‍था में कैंसर के मामले दुनियाभर में पिछले 20 वर्षों में 13 प्रतिशत बढ़ चुके हैं, और दुनियाभर में 0 से 4 वर्ष के प्रति 10 लाख में 140 बच्‍चे हर साल इसका शिकार बनते हैं। हालांकि हीपेटोब्‍लास्‍टोमा दक्षिण एवं दक्षिण पूर्वी एशिया क्षेत्र में काफी दुर्लभ है, लेकिन समय पर इसका पता लगने से स्थिति पर काफी हद तक काबू पाया जा सकता है। इस अध्‍ययन से यह भी संकेत मिले हैं कि बाल्‍यावस्‍था में कैंसर के मामले कई बाहरी कारकों जैसे संक्रमणों या पर्यावरण प्रदूषकों से भी काफी हद तक प्रभावित होता है। 

फोर्टिस हॉस्पिटल शालीमार बाग के बारे में  
फोर्टिस हॉस्पिटल, शालीमार बाग 262 बिस्‍तरों की सुविधा वाला मल्‍टीस्‍पेश्‍यलिटी टर्शियरी केयर अस्‍पताल है। यह एनएबीएच, एनएबीएल से मान्‍यता प्राप्‍त, ग्रीन ओटी प्रमाणन प्राप्‍त और एनएबीएच नर्सिंग एक्‍सीलैंस प्रमाणन प्राप्‍त है। फोर्टिस हॉस्पिटल शालीमार बाग ने शानदार क्‍लीनिकल केयर और विशिष्‍ट सेवा अनुभव के जरिए अपनी अलग पहचान बनायी है। अस्‍पताल नवीनतम मेडिकल टैक्‍नोलॉजी जैसे इन्‍टेन्सिटी मॉड्यूलेटेड रेडिएशन थेरेपी (आईएमआरटी) के लिए वीईआरएस एचडी – इलैक्‍ट्रा (लाइनैक), इमेज गाइडेड रेडिएशन थेरेपी, वॉल्‍यूमीट्रिक मॉड्यूलेटेड आर्क थेरेपी, स्‍टीरियोटैक्टिक रेडियोथेरेपी, ब्रैकीथेरेपी, एंडोस्‍कोपिक अल्‍ट्रासाउंड (ईयूएस) तथा एंडो ब्रॉन्किायल अल्‍ट्रासाउंड (ईबीयूएस), कैप्‍सूल एंडोस्‍कोपी, 3डी लैप्रोस्‍कोपिक सिस्‍टम, फाइब्रो स्‍कैन, न्‍यूरोसर्जरी के लिए स्‍टीरियोटैक्टिक  फ्रेम, फ्लैट पैनल कैथ लैब, 100 वॉट होलमियम लेज़र 1 फ्लेक्सिबल यूरेटेरोस्‍कोप 1 लिथेट्रिप्‍सी एवं पेट-सीटी से सुसज्जित है। अस्‍पताल 24*7 एंबुलेंस, ब्‍लड बैंक, इमरजेंसी, लैबोरेट्री, फार्मेसी तथा रेडियोलॉजी सेवाएं उपलब्‍ध कराता है।  
फोर्टिस हैल्‍थकेयर लिमिटेड के बारे में 
फोर्टिस हैल्‍थकेयर लिमिटेड भारत में अग्रणी एकीकृत स्‍वास्‍थ्‍य सेवा प्रदाता है। कंपनी की स्‍वास्‍थ्‍य सेवाओं में अस्‍पतालों के अलावा डायग्‍नॉस्टिक एवं डे केयर स्‍पेश्‍‍यलिटी सेवाएं शामिल हैं। फिलहाल कंपनी भारत समेत दुबई, मॉरीशस और श्रीलंका में 45 हैल्‍थकेयर सुविधाओं समेत (इनमें वे परियोजनाएं भी शामिल हैं जिन पर फिलहाल काम चल रहा है) करीब 9,000 संभावित बिस्‍तरों एवं 410 डायग्‍नॉस्टिक केंद्रों का संचालन कर रही है।